अजय अनेजा 👉 संपादक उत्तराखंड जागरण 👉 देहरादून 👉
उत्तराखंड में चिकित्सा शिक्षा को नई दिशा: 5 मेडिकल कॉलेजों में संसाधन विस्तार, छात्रों के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं — डॉ. अजय कुमार आर्य
देहरादून। चिकित्सा शिक्षा निदेशालय, उत्तराखंड के निदेशक डॉ. अजय कुमार आर्य ने उत्तराखंड जागरण तीसरी आंख को दिए विशेष इंटरव्यू में प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा के सुदृढ़ीकरण, पांचों मेडिकल कॉलेजों में चल रहे विभागीय सुधारों और मेडिकल की पढ़ाई कर रहे छात्र–छात्राओं के लिए लागू योजनाओं की विस्तृत जानकारी साझा की।
डॉ. आर्य ने बताया कि राज्य के पांचों सरकारी मेडिकल कॉलेजों में शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने के साथ-साथ इन्फ्रास्ट्रक्चर अपग्रेडेशन, आधुनिक लैब सुविधाएं, डिजिटल लर्निंग संसाधन और अस्पताल–आधारित प्रशिक्षण को प्राथमिकता दी जा रही है। फैकल्टी की उपलब्धता सुनिश्चित करने, विभागों में उपकरणों के नवीनीकरण और सुपर-स्पेशियलिटी सेवाओं के विस्तार पर भी काम चल रहा है, ताकि छात्रों को प्रैक्टिकल व क्लीनिकल एक्सपोज़र बेहतर मिले।
उन्होंने कहा कि मेडिकल छात्रों के हित में छात्रवृत्ति/स्टाइपेंड, इंटर्नशिप और पीजी प्रशिक्षण को सुदृढ़ करने, शोध एवं नवाचार को बढ़ावा देने तथा मेंटल हेल्थ सपोर्ट जैसी योजनाएं प्रभावी रूप से लागू की जा रही हैं। साथ ही, ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में सेवा देने वाले युवा डॉक्टरों के लिए प्रोत्साहन योजनाओं पर भी जोर दिया जा रहा है, जिससे प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का संतुलित विस्तार हो सके।
निदेशक चिकित्सा शिक्षा ने यह भी बताया कि प्रवेश, पाठ्यक्रम, परीक्षा और मूल्यांकन प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित की जा रही है। ई-गवर्नेंस के माध्यम से प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया है, ताकि छात्रों और शिक्षकों दोनों को सुविधा मिले।
अंत में डॉ. अजय कुमार आर्य ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य उत्तराखंड को चिकित्सा शिक्षा का मजबूत केंद्र बनाना है, जहां से प्रशिक्षित और संवेदनशील डॉक्टर निकलें और देश प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था को नई ऊंचाइयों तक ले जाएं







