अजय अनेजा 👉 पत्रकार संपादक उत्तराखंड जागरण 👉 लालकुआं 👉 बिन्दुखत्ता 👉
बिंदुखत्ता की हुंकार: सवा दो साल से अटकी राजस्व ग्राम की अधिसूचना, काररोड में गरजे ग्रामीण
बिंदुखत्ता। बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम घोषित करने की मांग को लेकर वन अधिकार संगठन की पदयात्रा गुरुवार को छठे दिन काररोड बाजार पहुंची। भूमिया मंदिर, इंद्रानगर गब्दा से शुरू हुई पदयात्रा इंद्रानगर द्वितीय होते हुए काररोड बाजार पहुंची, जहां मुख्य चौक पर नुक्कड़ सभा आयोजित कर सरकार के खिलाफ नाराजगी जताई गई।
सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि वन अधिकार अधिनियम, 2006 के तहत बिंदुखत्ता के राजस्व ग्राम के दावे को जिलास्तरीय समिति से स्वीकृति मिल चुकी है, लेकिन शासन स्तर पर सवा दो वर्ष से अधिक समय बीतने के बावजूद अधिसूचना जारी नहीं की गई है। वक्ताओं ने इसे ग्रामीणों के साथ अनावश्यक देरी बताते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की।
उन्होंने कहा कि करीब 80 हजार की आबादी लंबे समय से राजस्व ग्राम के अधिकार के लिए संघर्ष कर रही है। जिलास्तरीय समिति की स्वीकृति के बाद अब सरकार को विलंब खत्म कर राजस्व ग्राम की अधिसूचना जारी करनी चाहिए। साथ ही मांग की गई कि चुनाव आचार संहिता लागू होने से पहले बिंदुखत्ता को राजस्व ग्राम घोषित किया जाए।
नुक्कड़ सभा में चेतावनी दी गई कि यदि सरकार ने समय रहते अधिसूचना जारी नहीं की तो बिंदुखत्ता की 80 हजार आबादी व्यापक आंदोलन के लिए सड़क पर उतरने को मजबूर होगी। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि यह किसी राजनीतिक दल का आंदोलन नहीं, बल्कि ग्रामीणों के अधिकार, सम्मान और भविष्य से जुड़ा संघर्ष है।
वन अधिकार संगठन ने ग्रामीणों, व्यापारियों, पूर्व सैनिकों, युवाओं, महिलाओं और सामाजिक संगठनों से अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील की। संगठन ने कहा कि पदयात्रा के माध्यम से बिंदुखत्ता के प्रत्येक गांव, मोहल्ले और बाजार तक राजस्व ग्राम की मांग पहुंचाई जा रही है और आने वाले दिनों में अभियान लगातार जारी रहेगा।
छठे दिन की पदयात्रा में वन अधिकार संगठन के अध्यक्ष उमेश चंद्र भट्ट, पूर्व सैनिक संगठन अध्यक्ष खिलाफ सिंह दानू, वन अधिकार समिति अध्यक्ष अर्जुन नाथ गोस्वामी, सचिव अधिवक्ता बलवंत सिंह बिष्ट, भरत नेगी, दीपक जोशी, नंदन बोरा, ममता बिष्ट, भूपेश जोशी, सुशील यादव, बलवंत परिहार, दीपक रौतेला, कुंवर सिंह पवार, प्रकाश उत्तराखंडी, नंदन जग्गी, कैलाश जोशी, मनोज दानू, राजू जोशी, रमेश गिरी गोस्वामी, सोहन लाल सहित दर्जनों ग्रामीण मौजूद रहे।

