अजय अनेजा 👉 पत्रकार संपादक उत्तराखंड जागरण 👉
ग्राफिक एरा का बड़ा कदम: कुमाऊं और नागा रेजिमेंट के सैनिकों व परिवारों को मिलेंगी असीमित छात्रवृत्तियां, 100% तक फीस माफ
रानीखेत, 21 अक्टूबर। कुमाऊं क्षेत्र के सैनिकों और उनके परिवारों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी ने महत्वपूर्ण पहल की है। ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी और कुमाऊं रेजिमेंटल सेंटर, रानीखेत के बीच शैक्षिक सहयोग को लेकर पांच वर्ष के लिए समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते के तहत कुमाऊं और नागा रेजिमेंट के पात्र सैनिकों, अग्निवीरों, पूर्व सैनिकों तथा उनके आश्रितों को असीमित छात्रवृत्तियों और ट्यूशन फीस में 100 प्रतिशत तक की छूट का लाभ मिल सकेगा।
एमओयू पर ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी की कुलपति प्रो. (डॉ.) तबस्सुम नकवी और कुमाऊं रेजिमेंटल सेंटर के कमांडेंट ने हस्ताक्षर किए। इस पहल का उद्देश्य सैन्य परिवारों के बच्चों और अन्य पात्र लाभार्थियों को उच्च शिक्षा, तकनीकी प्रशिक्षण तथा रोजगारोन्मुख पाठ्यक्रमों के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।
ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी की कुलपति प्रो. (डॉ.) तबस्सुम नकवी ने कहा कि ग्राफिक एरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस के संस्थापक अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) कमल घनशाला के दूरदर्शी नेतृत्व में विश्वविद्यालय शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर प्रगति कर रहा है। उन्होंने कहा कि कुमाऊं क्षेत्र में शिक्षा के माध्यम से नए अवसर सृजित करना संस्थान की प्रतिबद्धता का हिस्सा है।
वहीं, ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी के भीमताल परिसर के निदेशक ने इस पहल को कुमाऊं के सैनिकों और उनके परिवारों के प्रति सम्मान एवं सहयोग का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि यह समझौता क्षेत्र के विकास और सैन्य परिवारों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
तकनीकी और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों में भी मिलेगा अवसर
समझौते के अंतर्गत प्रमाणपत्र, डिप्लोमा, स्नातक, स्नातकोत्तर और डॉक्टरेट स्तर के कार्यक्रमों में प्रवेश के अवसर उपलब्ध होंगे। इनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई), साइबर सिक्योरिटी, डेटा एनालिटिक्स, डिजिटल मार्केटिंग, कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रिक व्हीकल और मैनेजमेंट जैसे विषय शामिल हैं।
एमओयू में अग्निवीरों और पूर्व सैनिकों को नागरिक जीवन में रोजगार के बेहतर अवसर दिलाने के लिए व्यावहारिक एवं उद्योग की जरूरतों के अनुरूप कौशल प्रशिक्षण पर भी जोर दिया गया है। इसके साथ ही स्वरोजगार, उद्यमिता और गांवों में रोजगार की संभावनाओं को बढ़ावा देने की योजना भी शामिल है, जिससे रिवर्स माइग्रेशन को प्रोत्साहन मिल सके।
सैनिकों और उनके परिवारों के लिए आईटी एवं डिजिटल उत्पादकता से संबंधित प्रशिक्षण की व्यवस्था भी प्रस्तावित है। इसमें कक्षा आधारित शिक्षा के साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा और निर्धारित मानकों को पूरा करने वाले प्रतिभागियों को संयुक्त प्रमाणन व्यवस्था के तहत प्रमाणपत्र प्रदान किए जाएंगे।
पात्र परिवारों को मिलेगी फीस में राहत
इस समझौते का प्रमुख आकर्षण पात्र सैन्य परिवारों के लिए आर्थिक सहायता है। विभिन्न श्रेणियों के अनुसार ट्यूशन फीस में रियायत दी जाएगी, जिसमें 100 प्रतिशत तक फीस माफी का प्रावधान है। समझौते की निर्धारित शर्तों के तहत कुमाऊं रेजिमेंट द्वारा संचालित विद्यालयों के प्रधानाचार्यों और शिक्षण कर्मचारियों के पात्र बच्चों को भी निर्धारित रियायतें मिलेंगी।
ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी और कुमाऊं रेजिमेंटल सेंटर की यह साझेदारी सैनिकों, अग्निवीरों, पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को शिक्षा एवं कौशल विकास से जोड़ने के साथ ही कुमाऊं क्षेत्र में रोजगार और आत्मनिर्भरता के नए अवसर खोलने की दिशा में अहम पहल मानी जा रही है।

