अजय अनेजा 👉 पत्रकार संपादक उत्तराखंड जागरण 👉 लालकुआं 👉
लालकुआं में वाल्मीकि जयंती पर निकली भव्य झांकी, सर्व समाज ने बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा
लालकुआं। वाल्मीकि जयंती के पावन अवसर पर लालकुआं में वाल्मीकि समाज एवं सर्व समाज की ओर से भव्य झांकी और शोभायात्रा निकाली गई। पूरे शहर में निकली इस शोभायात्रा में श्रद्धा, आस्था और उत्साह का माहौल देखने को मिला। झांकी के माध्यम से सामाजिक एकता, भाईचारे और महर्षि वाल्मीकि के आदर्शों का संदेश दिया गया।
शोभायात्रा में क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, राजनीतिक दलों के नेताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और वाल्मीकि समाज के लोगों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी की। जगह-जगह लोगों ने शोभायात्रा का स्वागत किया। महर्षि वाल्मीकि के जयकारों से वातावरण भक्तिमय बना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से क्षेत्रीय विधायक डॉ. मोहन बिष्ट, कांग्रेस के पीसीसी सदस्य हरेंद्र बोरा, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता नंदन दुर्गापाल, भुवन पांडे, पूर्व चेयरमैन पवन चौहान, देवेंद्र सिंह (वीआईपी गेट), अरुण वाल्मीकि और नरेश पाल सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने वाल्मीकि जयंती की शुभकामनाएं देते हुए सामाजिक सद्भाव और आपसी भाईचारे को मजबूत बनाने का संदेश दिया।
शोभायात्रा के दौरान लालकुआं कोतवाली पुलिस टीम ने संभाली सुरक्षा व्यवस्था
वाल्मीकि जयंती पर निकली शोभायात्रा के दौरान पुलिस प्रशासन की ओर से सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक व्यवस्था की गई। लालकुआं कोतवाली पुलिस की पूरी टीम ने मोर्चा संभालते हुए शोभायात्रा के दौरान व्यवस्थाएं बनाए रखने में भूमिका निभाई। पुलिस प्रशासन की ओर से वरिष्ठ उप निरीक्षक दीपक बिष्ट और कांस्टेबल शेखर मल्होत्रा बिंदुखता चौकी इंचार्ज गौरव जोशी सहित पुलिस टीम सुरक्षा व्यवस्था में जुटी रही, ताकि शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके।
महर्षि वाल्मीकि को रामायण के रचयिता के रूप में स्मरण करते हुए उनके जीवन और शिक्षाओं को समाज के लिए प्रेरणादायी बताया गया। उनके आदर्श आज भी समानता, सद्भाव, मानवता और सामाजिक समरसता की राह दिखाते हैं।
लालकुआं में निकली इस भव्य झांकी ने वाल्मीकि समाज की सांस्कृतिक परंपराओं और सर्व समाज की एकजुटता को प्रदर्शित किया। शोभायात्रा में लोगों की सहभागिता ने आपसी भाईचारे और सामाजिक एकता का संदेश दिया।
उत्तराखंड जागरण | लालकुआं

