कुमाऊं शिकायत पर विजिलेंस का जाल, 30 हजार की रिश्वत लेते रंगेहाथ दबोचा गया पटवारी

अजय अनेजा 👉 पत्रकार संपादक उत्तराखंड जागरण 👉

शिकायत हुई, विजिलेंस ने बिछाया जाल; 30 हजार की रिश्वत लेते रंगेहाथ दबोचा गया पटवारी

धारी। भ्रष्टाचार के खिलाफ सतर्कता अधिष्ठान ने बड़ी कार्रवाई करते हुए धारी तहसील में तैनात पटवारी निर्मल बोरा को 30 हजार रुपये की कथित रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि पटवारी ने भूमि की नापजोख कराने के एवज में शिकायतकर्ता से रिश्वत की मांग की थी। शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस ने सत्यापन कराया और आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने पर ट्रैप की कार्रवाई को अंजाम दिया।

जानकारी के मुताबिक ग्राम मौड़ा, तहसील धारी निवासी एक व्यक्ति अपनी भूमि की नापजोख कराने के लिए पटवारी निर्मल बोरा के संपर्क में आया था। आरोप है कि भूमि की नाप कराने के बदले पटवारी ने उससे रुपये की मांग की। रिश्वत की मांग से परेशान शिकायतकर्ता ने इसकी सूचना सतर्कता अधिष्ठान की टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 पर दी।

शिकायत मिलने के बाद सतर्कता अधिष्ठान ने मामले की जांच की। सत्यापन में शिकायत में लगाए गए आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए जाने के बाद थाना सतर्कता अधिष्ठान सेक्टर नैनीताल-हल्द्वानी में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस अधीक्षक सतर्कता अधिष्ठान के निर्देश पर निरीक्षक के नेतृत्व में ट्रैप टीम गठित की गई।

शनिवार को सतर्कता अधिष्ठान हल्द्वानी की टीम ने तहसील धारी में जाल बिछाया। जैसे ही पटवारी ने शिकायतकर्ता से 30 हजार रुपये की कथित रिश्वत ली, टीम ने उसे रंगेहाथ पकड़ लिया। अचानक हुई कार्रवाई से तहसील परिसर में हड़कंप मच गया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी पटवारी को हल्द्वानी लाया गया, जहां उसके खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

सतर्कता अधिष्ठान की इस कार्रवाई के बाद सरकारी काम के बदले रिश्वत मांगने वालों में भी खलबली मच गई है। वहीं, निदेशक सतर्कता डॉ. वी. मुरूगेशन ने कार्रवाई करने वाली ट्रैप टीम की सराहना करते हुए टीम को नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है।

सतर्कता अधिष्ठान ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी या अधिकारी किसी काम के बदले रिश्वत की मांग करता है तो इसकी शिकायत सतर्कता अधिष्ठान की टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 पर की जा सकती है।