अजय अनेजा 👉 पत्रकार संपादक उत्तराखंड जागरण 👉 हल्द्वानी 👉 नैनीताल 👉
नैनीताल, 04 जून। दिल्ली में हाल ही में हुए भीषण होटल अग्निकांड के बाद नैनीताल प्रशासन जनसुरक्षा को लेकर पूरी तरह सतर्क हो गया है। जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल ने जनपद के सभी होटल, गेस्ट हाउस, लॉज, होमस्टे, वाणिज्यिक मॉल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का व्यापक अग्निशमन एवं आपदा प्रबंधन ऑडिट कराने के निर्देश जारी किए हैं।
जिलाधिकारी के आदेश पर प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन, विद्युत, जल संस्थान और जिला विकास प्राधिकरण के अधिकारियों की संयुक्त निरीक्षण समितियां गठित की गई हैं। नगर मजिस्ट्रेट एवं उप जिलाधिकारी हल्द्वानी को अपने-अपने क्षेत्रों में समिति का अध्यक्ष नामित किया गया है।
गठित समितियां भवनों में आपातकालीन निकास व्यवस्था, विद्युत वायरिंग, अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता, फायर एनओसी की वैधता, पार्किंग व्यवस्था, प्रवेश एवं निकास मार्गों की स्थिति तथा भवन मानचित्र के अनुरूप निर्माण की गहन जांच करेंगी। साथ ही किसी भी आपात स्थिति में राहत एवं बचाव वाहनों की निर्बाध आवाजाही सुनिश्चित करने वाले इंतजामों का भी परीक्षण किया जाएगा।
डीएम ललित मोहन रयाल ने निर्देश दिए हैं कि सभी प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 15 दिनों के भीतर विस्तृत आख्या जिला प्रशासन को उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि किसी प्रतिष्ठान में सुरक्षा मानकों का उल्लंघन, गंभीर अनियमितता अथवा जनसुरक्षा के लिए खतरा पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कठोर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
प्रशासन की इस पहल को जनपद में आग और आपदा संबंधी जोखिमों को कम करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
डीएम ललित मोहन रयाल का सख्त संदेश—सुरक्षा मानकों में चूक मिली तो होगी कार्रवाई, जिलेभर में शुरू होगा ऑडिट अभियान
